जोहार छत्तीसगढ़ – धरमजयगढ़।
धरमजयगढ़ नगर में सप्ताह में दो दिन बुधवार और रविवार को लगने वाले साप्ताहिक बाजार को सुव्यवस्थित करने की मांग अब जोर पकड़ने लगी है। बाजार के दिनों में कई दुकानदार निर्धारित बाजार स्थल की बजाय मुख्य सड़क और आसपास की सड़कों पर दुकानें लगाते हैं, जिसके चलते सड़क पर जाम की स्थिति निर्मित होती है। इससे राहगीरों, वाहन चालकों और स्थानीय लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है। सबसे बड़ी विडंबना यह है कि साप्ताहिक बाजार के लिए नगर पंचायत द्वारा लाखों रुपये खर्च कर शेड का निर्माण कराया गया है, ताकि बाजार को व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जा सके। इसके अलावा पौनी पसारी योजना के नाम पर भी नगर पंचायत द्वारा करीब 25 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। इसके बावजूद इन सुविधाओं का समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है और बाजार में दुकानें सड़क किनारे ही लगती दिखाई देती हैं।
लाखों खर्च के बाद भी व्यवस्था बेपटरी
नगर पंचायत द्वारा बाजार व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए बुनियादी सुविधाओं पर राशि खर्च की गई है। बाजार के लिए बनाए गए शेड और पौनी पसारी के लिए तैयार किए गए स्थान का उद्देश्य स्थानीय दुकानदारों को व्यवस्थित जगह उपलब्ध कराना था। लेकिन यदि निर्धारित स्थान का उपयोग ही नहीं होगा तो सरकारी राशि खर्च करने का उद्देश्य भी सवालों के घेरे में आता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बाजार स्थल पर पर्याप्त व्यवस्था होने के बावजूद दुकानदारों द्वारा सड़क पर दुकान लगाने से यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है। बाजार के दिन सड़क के दोनों ओर दुकानें लगने से मार्ग संकरा हो जाता है और कई बार वाहनों की आवाजाही तक मुश्किल हो जाती है।
प्रशासन से सख्ती के साथ व्यवस्था लागू करने की मांग
नगरवासियों ने स्थानीय प्रशासन और नगर पंचायत से मांग की है कि साप्ताहिक बाजार के लिए निर्धारित स्थान को चिन्हित कर सभी दुकानदारों को वहीं दुकान लगाने के लिए निर्देशित किया जाए। साथ ही सड़क पर दुकान लगाने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई करते हुए बाजार व्यवस्था को सुचारू किया जाए। लोगों का कहना है कि नगर पंचायत द्वारा बाजार व्यवस्था के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए गए हैं, इसलिए उन संसाधनों का उपयोग सुनिश्चित करना भी प्रशासन की जिम्मेदारी है। यदि निर्धारित बाजार स्थल पर सभी दुकानों को व्यवस्थित किया जाए तो एक ओर सड़क पर लगने वाले जाम से राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर आम लोगों और दुकानदारों दोनों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी। नगरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि बुधवार और रविवार को लगने वाले साप्ताहिक बाजार की नियमित निगरानी की जाए और बाजार को निर्धारित स्थल पर ही संचालित कराने की ठोस व्यवस्था बनाई जाए, ताकि धरमजयगढ़ की यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो और सरकारी खर्च से तैयार की गई सुविधाओं का वास्तविक लाभ लोगों को मिल सके।








