जोहार छत्तीसगढ़ – धरमजयगढ़।
धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम क्रोन्धा में 14-15 जुलाई की रात मिले पति-पत्नी के अधजले शवों के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। प्रारंभिक तौर पर आग से मौत का मामला प्रतीत हो रहा था, लेकिन पुलिस की गहन जांच में यह दोहरे हत्याकांड का मामला निकला।
घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी राजेश जांगड़े पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया। रायगढ़ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसडीओपी सिद्धांत तिवारी के पर्यवेक्षण में धरमजयगढ़ थाना, घरघोड़ा थाना तथा साइबर सेल की संयुक्त टीम गठित कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान रायगढ़ से डॉग स्क्वॉड भी बुलाया गया, जहां रूबी डॉग ने श्याम सिंह राठिया की ओर संकेत किया।
पुलिस ने संदेह के आधार पर तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। कड़ी पूछताछ में श्याम सिंह राठिया और जीवन सिंह राठिया ने हत्या करना स्वीकार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे जमीन विवाद मुख्य कारण था। जिस जमीन को मृतक ने खरीदा था, उसका सौदा पहले आरोपियों से होने वाला था। बाद में मृतक द्वारा अधिक कीमत देकर जमीन खरीद लेने से दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते आरोपियों ने रात में घर में सो रहे पति-पत्नी की हत्या कर दी।
हत्या के बाद आरोपियों ने अपराध छिपाने और इसे सामान्य आगजनी में हुई मौत साबित करने के उद्देश्य से दोनों शवों में आग लगा दी, ताकि मामला दुर्घटना जैसा प्रतीत हो।
धरमजयगढ़ पुलिस ने हत्या और साक्ष्य मिटाने के आरोप में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से सनसनीखेज डबल मर्डर की गुत्थी सुलझ गई।







