Home छत्तीसगढ़ नगर विकास में रोड़ा बन रहे, ठेकेदार, अधिकारी को करना चाहिए ऐसे...

नगर विकास में रोड़ा बन रहे, ठेकेदार, अधिकारी को करना चाहिए ऐसे ठेकेदारों पर कार्यवाही?… वर्क ऑडर होने के वर्षों बाद भी नहीं शुरू कर रहे निर्माण कार्य

466
0

जोहार छत्तीसगढ़-धरमजयगढ़।

नगर का विकास करने का जिम्मा नगर पंचायत को होता है, विकास कार्य निविदा के माध्यम से ठेकेदार को दिया जाता है। ठेकेदार को वर्क ऑडर कई प्रकार के शर्तें के साथ जारी किया जाता है। लेकिन विडंबना की बात है कि नगर पंचायत द्वारा बनाये गये शर्तें सिर्फ कागजों में ही सिमट कर रह जाता है। ठेकेदार काम करें या न करें, काम घटिया हो रहा है सही इसकी भी जांच नहीं करते हैं? एक हिसाब से देखा जाए तो नगर पंचायत भगवान भरोसे चल रहा है। धरमजयगढ़ नगर पंचायत का हाल तो ऐसा है कि ठेकेदार टेंडर लेकर घर में सो रहे हैं जिसके कारण नगर वासियों को मूलभूत सुविधा का लाभ भी नहीं मिल रहा है।

वार्क ऑडर मिलने के बाद भी नहीं हो रहा काम चालू

ऐसे कई ठेकेदार है जो वर्षों पहले काम लेकर काम नहीं कर रहे हैं, काम नहीं करने के कारण नगर वासियों को खराब सड़क, जाम नाली का सामना करना पड़ रहा है, शासन का निमय है कि समय पर काम नहीं करने वाले ठेकेदार पर नगर पालिका अधिनियम के तहत कार्यवाही करते हुए ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट करना चाहिए साथ ही ठेकेदार द्वारा काम लेने के लिए दिए गये टीडीआर को भी राजसात करना चाहिए लेकिन धरमजयगढ़ के इतिहास में शायद ही किसी ठेकेदार पर नगर पंचायत कार्यवाही किया होगा? नगर पंचायत परिषद को चाहिए कि जो ठेकेदार काम लेने के बाद सही समय पर सही काम नहीं कर रहे हैं ऐसे ठेकेदारों पर तत्काल कार्यवाही करते हुए उनकी अमानत राशि को राजसात करें। ताकि आने वाले समय पर नगर विकास कार्य सही सलामत और सयम पर पूर्ण हो सकें।

कलेक्टर के पास होंगे शिकायत

ठेकेदारों की मनमानी से परेशन होकर लोग अब इनकी शिकायत कलेक्टर रायगढ़ एवं नगरीय मंत्री से करेंगे। लोगों का कहना है कि नगर पंचायत ऐसे ठेकेदारों पर कार्यवाही क्यों नहीं कर रहे हैं जो काम लेकर घर मैं बैंठे हैं, ऐसी लापरवाही के कारण कई काम वापस जा चूका है। हम आपकों बता दे कि कांग्रेस सरकार में स्वीकृत काम जिसका टेंडर भी जारी हो गया था और वर्क ऑडर भी, इसके बाद भी नगर के महान ठेकेदार काम शुरू नहीं किया था और जैसे ही प्रदेश में सरकार बदली और नये सरकार ने पूरे प्रदेश में जो काम शुरू नहीं हुआ था ऐसे सभी काम पर रोक लगा दिया था जिसके कारण धरमजयगढ़ में भी कई काम नहीं हो सका और निरस्त हो गया। मजेदार बात है कि हमारे द्वारा चूना गया जनप्रतिनिधि भी ऐसे ठेकेदारों के आगे पीछे घूमते रहते हैं, होना तो ये चाहिए कि ऐसे ठेकेदारों का लिस्ट बनाकर इनके खिलाफ कड़ी कार्यवाही करते। खैर कोई बात नहीं है अब ऐसे ठेकेदार और अधिकारी-कर्मचारियों की शिकायत कलेक्टर और मंत्री के पास कर कार्यवही की मांग किया जा रहा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here