जोहार छत्तीसगढ़-पेण्ड्रा।
जमीन विवाद के एक बहुचर्चित मामले में दो पक्षों में जिस तरह से गंभीर आरोप लग रहे हैं उसे देखते हुए जरूरी है कि पुलिस मामले को गंभीरता से लेकर सुक्ष्म जांच जांच करे। जांच में यदि आरोप सही निकले तो हत्या के एक 10 साल पुराने मामले का खुलासा हो सक्ता है। दरअसल गौरेला निवासी संतोषी बाई राठौर ने अपने भाई के साथ एसपी ऑफिस जीपीएम में लिखित शिकायत दर्ज करवाई है कि फूलबाई राठौर एवं गौरेला निवासी विवेक जैन ( गोल्डी ) ने साजिश कर उनकी निजी भूमि को फर्जी तरीके से अक्षर राठौर पिता अशोक राठौर निवासी भदौरा के नाम पर रजिस्ट्री करा लिया है। फर्जी रजिस्ट्री के मामले में पीडि़त संतोषी बाई राठौर जब अपनी बहन भावना राठौर इस संबंध में पूछताछ करने फूलबाई के घर पहुंचे, तो गोल्डी जैन और फूलबाई ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट की कोशिश की। बात यही नही रुकी। आरोपी फूलबाई ने पीडि़ता को धमकी देते हुए कहा कि, जैसे 8-10 साल पहले कैरोलिना और उसके भाई को मरवा के ठिकाने लगाया गया, वैसे ही तुम्हें भी मरवा दूंगी। आरोपी ने आगे कहा मैं अपने पति को मरवा सकती हूं तो तुम क्या चीज हो। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि संतोषी बाई के पति पिछले 10 वर्षों से लापता हैं और उनका अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। पीडि़ता ने आरोपियों से अपनी जान को गंभीर खतरा बताते हुए निष्पक्ष जांच एवं कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पीडि़ता ने पुलिस अधीक्षक को दी शिकायत में जिस तरह से गंभीर आरोप लगाए हैं उसमें अब पुलिस की जिम्मेदारी बढ़ गई है कि वह मामले की ठीक जांच कर दूध का दूध और पानी का पानी करें। क्या पीडि़ता ने जो आरोप लगाए हैं उसमें कुछ सच्चाई है क्या आरोपी महिला का पति वास्तव में गायब है या उसकी हत्या हो चुकी है तथा इसमें गोल्डी जैन की भी कोई भूमिका है। जमीन की रजिस्ट्री फर्जी तौर पर हुई है या वास्तविक रजिस्ट्री हुई है यह सब जांच के गंभीर बिंदु हो सकते हैं।



