भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ग्राहकों के लिए बड़ी खबर है. बैंक ने अपने कुछ डेबिट कार्ड से जुड़े वार्षिक मेंटेनेंस चार्ज में बदलाव कर दिया है. यह बदलाव अगले महीने की पहली तारीख यानी 1 अप्रैल से प्रभावी हो जाएंगे. इन कार्ड्स के मेंटेनेंस चार्ज में 75 रुपये की बढ़ोतरी की गई है. यह बदलाव सभी कार्ड्स के लिए नहीं किया गया है. आपको बता दें कि एसबीआई के पास 45 करोड़ से अधिक ग्राहक हैं.
एसबीआई ने डेबिट कार्ड से जुड़े दूसरे फीस को लेकर भी अपनी रूपरेखा तैयार कर ली है. जैसे डेबिट कार्ड रिप्लेसमेंट, डुप्लीकेट पिन और अंतरराष्ट्रीय लेनदेन जैसी सुविधाओं के लिए भी बैंक को भुगतान करना होता है. इसके बारे में हम आपको बताएंगे. फिलहाल मेंटेनेंस चार्ज की पुरानी व नई दरें जान लेते हैं.
मेंटेनेंस फीस में कितना बदलाव
ध्यान दें कि हर कार्ड के मेंटेनेंस चार्ज पर जीएसटी अलग से लगेगी. अगर किसी कार्ड का मेंटेनेंस चार्ज 125 रुपये है तो उसमें जीएसटी और जोड़ी जाएगी. क्लासिक-सिल्वर-ग्लोबल-कॉन्टेक्लैस डेबिट कार्ड के लिए पहले 125 रुपये लगते थे अब ये 200 रुपये लगेंगे. युवा-गोल्ड-कॉम्बो डेबिट कार्ड-माई कार्ड के लिए 175 नहीं 250 रुपये देने होंगे. प्लेटिनम डेबिट कार्ड के लिए 250 नहीं 325 रुपये देने होंगे. प्राइड-प्लेटिनम बिजनेस डेबिट कार्ड के लिए 350 रुपये नहीं 425 रुपये देने होंगे. एक अहम जानकारी यह भी है कि 1 अप्रैल 2024 से, कुछ क्रेडिट कार्ड्स के लिए किराए के भुगतान पर मिलने वाले रिवॉर्ड पॉइंट बंद हो जाएंगे.
अन्य चार्जेस
डेबिट कार्ड रिप्लेस करने के लिए 300 रुपये और जीएसटी देना होता है. डुप्लिकेट पिन या पिन जेनरेट करने के लिए 50 रुपये और जीएसटी देना होता है. अंतरराष्ट्रीय लेनदेन जैसी सेवाओं के लिए भी फीस लगती है. इंटरनेशनल ट्रांजेक्शन में बैलेंस चेक करने के लिए 25 रुपये लगते हैं. एटीएम कैश विड्रॉल करने पर न्यूनतम 100 रुपये और 3.5 रुपये जीएसटी लगता है. प्वाइंट ऑफ सेल (PoS) या ई-कॉमर्स सर्विस का इस्तेमाल करने पर जीएसटी के साथ 3 परसेंट ट्रांजेक्शन अमाउंट लगेगा. इन सभी ट्रांजेक्शन्स पर 18 फीसदी की दर से जीएसटी लगेगा.






