जोहार छत्तीसगढ़-धरमजयगढ़।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने न्योता भोजन के लिए दिशा निर्देश जारी किए थे कि अपने जन्मदिन पर स्कूली बच्चों के साथ समय बिताये। छत्तीसगढ़ के स्कूलों में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना के अंतर्गत न्योता भोजन योजना लागू करने का निर्णय लिया गया हैं। न्योता भोजन का उद्देश्य समुदाय के बीच अपनेपन की भावना का विकास, भोजन के पोषक मूल्य में वृद्धि तथा सभी समुदाय वर्ग के बच्चों में समानता की भावना विकसित करना हैं। इसी कड़ी में आज शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला बायसी कॉलोनी में स्कूली बच्चो के साथ न्योता भोजन किया गया स्कूल में इस कार्यक्रम का आयोजन बायसी उपसरपंच रामचंद्र विश्वास एवं स्कूल के शिक्षकों ने किया जिसमे बच्चो को पौस्टिक खाना खिलाने के लिए पूड़ी,दाल,चावल,सब्जी, टमाटर चटनी, मिठाई व अन्य पकवान बनाए गए जिसे बच्चों के साथ मिलकर सभी शिक्षकों व अतिथियों ने खाया। न्योता भोजन की अवधारणा सामुदायिक भागीदारी पर आधारित हैं यह पूरी तरह से स्वैच्छिक हैं और समुदाय के लोग अथवा कोई भी सामाजिक संगठन, स्कूलों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को पूर्ण भोजन का योगदान कर सकते हैं अथवा अतिरिक्त पूरक पोषण के रूप में खाद्य सामग्री का योगदान कर सकेंगे। न्योता भोजन, स्कूल में दिए जाने वाले भोजन का विकल्प नहीं होगा, बल्कि यह विद्यार्थियों को दिए जा रहे भोजन का पूरक होगा।



