छत्तीसगढ़

कोल ब्लॉक का विरोध, भारतमाला का समर्थन, यह कैसा दोहरा रवैया? …जमीन और जंगल बचाने की लड़ाई में उठे सवाल, आंदोलन की आड़ में स्वार्थ साधने वालों से सावधान रहने की जरूरत

जोहार छत्तीसगढ़ -रायगढ़।

कोयला खदान का धरमजयगढ़ विकासखंड में जमकर विरोध हो रहा है, और होना भी चाहिए। अगर कोयला खदान एक बार अपना पैर पसार ले तो पूरा धरमजयगढ़ इतिहास के पन्नो में रहा जाएगा। बंजर भूमि को वर्षों से मेहनत कर कृषि के लायक बनाने के बाद कोयला कंपनी फिर से लोगों को उनकी जमीन से बेदखल करने की कोशिश कर रहा है। विडंबना तो देखिए जिनको अपना कीमती वोट देकर रायपुर, दिल्ली भेजे हैं ओ आज क्षेत्रवासियों के साथ न देकर बड़े बड़े उद्योगपतियों का साथ दे रहे हैं। क्षेत्रवासियों को एक होकर विरोध और तेज करना चाहिए किसी भी कीमत पर कोयल कंपनी को हमारे क्षेत्र में आने नहीं देना है। लेकिन कुछ स्वार्थी लोगों से भी सावधान रहना चाहिए, जो अपने स्वार्थ के लिए आंदोलन में शामिल होते हैं।

कोल ब्लॉक का विरोध, भारतमाला का समर्थन?

ग्रामीण के आंदोलन में ऐसे लोग भी दिखाई देते हैं जो भारतमाला का खुलकर समर्थन किया है। भारतमाला परियोजना में भी हजारों हजारों पेड़ो की बलि दी गई। तो क्या भारतमाला परियोजना में इतने अधिक पेड़ों की कटाई से हाथी के रहवास के लिए दिक्कत नहीं हुआ है। कोल ब्लॉक में जमीन नहीं देने की बात करने वाले क्यों भूल गए कि भारतमाला में खूब दलाली की है, कोल ब्लॉक से प्रभावितों को ऐसे लोगों से सावधान रहने की जरूरत है ताकि आंदोलन कमजोर न पड़ जाए। ऐसे दलालनुमा लोग हमेशा खुद का स्वार्थ के लिए कंपनियों साथ मिल जाते है। ऐसे लोगों से सावधान होना जरूरी है।

आंदोलन कमजोर करने की कोशिश तो नहीं?

कोल ब्लॉक के खिलाफ आंदोलन को मजबूत करने के लिए सबसे जरूरी है कि ग्रामीण आपस में एकजुट रहें। किसी व्यक्ति विशेष के भरोसे आंदोलन खड़ा करने के बजाय गांव-गांव में पारदर्शी समिति, स्पष्ट मांग और सामूहिक निर्णय की व्यवस्था होनी चाहिए। क्योंकि इतिहास गवाह है कि बड़े आंदोलनों को बाहर से नहीं, बल्कि कई बार अंदर की फूट और स्वार्थ से ज्यादा नुकसान पहुंचता है। इसलिए ग्रामीणों को यह तय करना होगा कि उनका संघर्ष किसी व्यक्ति, पार्टी या संगठन के लिए नहीं, बल्कि अपनी जमीन, जंगल, खेती, पानी और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य के लिए है।

Leave A Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts