भोपाल । कोरोना के सक्रिय मरीजों की संख्या मध्य प्रदेश में दो दिन से लगातार कम हो रही है। कोरोना को लेकर प्रदेश में हाहाकार मचा है। इसी बीच यह खबर राहत देने वाली है। 94 हजार 276 से कम होकर मंगलवार यह आंकड़ा 92,77 7 पर आ गया था। बुधवार को प्रदेश में सक्रिय मरीज 92,077 हो गए हैं। बुधवार को 59,388 सैंपल की जांच में 12, 762 मरीज मिले। संक्रमण दर 21 फीसद रही। दो दिन से प्रदेश में मरीजों की संख्या 13 हजार से नीचे है। सोमवार को पूरे प्रदेश में 13417 मरीज मिले थे। इसके बाद मंगलवार को 12 758 और बुधवार को 12762 मरीज मिले हैं। हर दिन करीब 59 हजार मरीजों की जांच की जा रही है। बुधवार को विभिन्न जिलों में मिलाकर 95 मरीजों की मौत हुई है। प्रदेश सरकार ने 30 अप्रैल तक 180000 सक्रिय मरीज होने का अनुमान लगाया था। मरीज इससे आधे ही हैं। यह राहत भरी खबर है। स्वास्थ्य विभाग ने तय किया है कुल सैंपल में 70 फीसद सैंपल आरटी पीसीआर से जांचें जाएंगे। प्रदेश की सरकारी लैब की क्षमता इतनी नहीं है। लिहाजा, दो निजी लैब से राज्य सरकार में अनुबंध किया है। दोनों में मिलाकर आरटी पीसीआर तकनीक से 20 हजार सैंपल रोज जांचने की क्षमता है। हर दिन करीब 10000 सैंपल इन लैब में जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। इसके अलावा करीब 18 हजार सैंपल हर दिन रैपिड एंटीजन किट से जांचे जा रहे हैं। हर दिन 6000 से 7000 सैंपल की जांच लंबित रहती है। अनुमान के मुताबिक मरीजों की संख्या बढी होती तो ऑक्सीजन की किल्लत बहुत ज्यादा बढ़ जाती। सक्रिय मरीज स्थिर होने या कम होने पर सरकार को संसाधन बढ़ाने का मौका मिल जाएगा। होम आइसोलेशन वाले मरीजों की कोरोना कंट्रोल रूम से भी अच्छी देखभाल हो सकेगी।


